जिम, वाई-फाई, ई-लाइब्रेरी के साथ ही बेहतर भोजन व्यवस्था भी होगी

श्रीमती मंगनी बाई… कामः लाइन अटेंडेंट, खासियतः लाइन पर काम करना एवं राजस्व वसूली में महारत

पिछड़ा वर्ग छात्रावासों में छात्र-छात्राओं को मिलेंगीं बेहतर सुविधाएँ: मंत्री श्रीमती कृष्णा गौर

जिम, वाई-फाई, ई-लाइब्रेरी के साथ ही बेहतर भोजन व्यवस्था भी होगी

4 मार्च को दिल्ली में केन्द्रीय विद्युत मंत्री करेगें सम्मानित

भोपाल

श्रीमती मंगनी बाई भोपाल में लाइन अटेंडेंट हैं। श्रीमती मंगनी बाई का नाम मध्यप्रदेश मध्य क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी लिमिटेड भोपाल के 3 लाइनकर्मी में से एक है, जिनको उत्कृष्ट कार्यों और निस्वार्थ योगदान के लिए केंद्रीय विद्युत प्राधिकरण विद्युत मंत्रालय भारत सरकार द्वारा सम्मान दिया जाना है। यह सम्मान केन्द्रीय विद्युत एवं नवीन नवकरणीय ऊर्जा मंत्री आर.के. सिंह द्वारा दिया जाएगा। यह समारोह नई दिल्ली स्थित इंडिया हैबिटेट सेंटर में 4 मार्च 2024 को लाइन मैन दिवस पर होगा।

कंपनी ने बताया कि श्रीमती मंगनी बाई की एक और खासियत यह कि इन्हें यदि रात के समय भी काम दिया जाए तो यह कभी भी उस काम के लिए मना नहीं करती हैं। कंपनी से तीन लाइनमैन का चयन हुआ है, जिसमें भोपाल, मुरैना और आष्टा के हैं।

कर्त्तव्यनिष्ट श्रीमती मंगनी बाई लाइन अटेंडेंट वर्तमान में भोपाल शहर वृत्त में छोला जोन शहर संभाग उत्तर में कार्यरत हैं। पिछले 10 वर्षो से भोपाल में दो 11 के.व्ही. फीडरों (एम.ई.एस फीडर एवं पी.जी.बी.टी. फीडर) के लाइन लॉस कम करने एवं राजस्व वसूली का कार्य कर रही हैं। उनके प्रयासों की सराहना उच्च स्तर पर की जा रही है। साथ ही उल्लेखनीय कार्य करने पर मुरैना के वृत्त के श्याम सुंदर शर्मा और सीहोर वृत्त के आष्टा में कार्यरत उदय सिंह को भी सम्मानित किया जायेगा।

 

पिछड़ा वर्ग छात्रावासों में छात्र-छात्राओं को मिलेंगीं बेहतर सुविधाएँ: मंत्री श्रीमती कृष्णा गौर

जिम, वाई-फाई, ई-लाइब्रेरी के साथ ही बेहतर भोजन व्यवस्था भी होगी
ग्वालियर में छात्रावासों का किया औचक निरीक्षण

भोपाल

प्रदेश में पिछड़ा वर्ग के छात्रावासों में छात्र – छात्राओं को बेहतर सुविधायें उपलब्ध कराने के लिये प्रदेश सरकार कटिबद्ध है। छात्रों को छात्रावास में बेहतर सुविधायें मिलें, इसके लिये सार्थक प्रयास किए जा रहे हैं। प्रदेश की पिछड़ा वर्ग एवं अल्पसंख्यक कल्याण, विमुक्त घुमन्तु और अर्द्धघुमन्तु कल्याण विभाग की राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) श्रीमती कृष्णा गौर ने शुक्रवार को ग्वालियर में बालक एवं बालिका छात्रावास के औचक निरीक्षण के दौरान यह बात कही।

पिछड़ा वर्ग एवं अल्पसंख्यक कल्याण मंत्री श्रीमती कृष्णा गौर ने शुक्रवार को ग्वालियर प्रवास के दौरान शासकीय संभागीय पिछड़ा वर्ग महाविद्यालयीन बालक छात्रावास हुरावली एवं शासकीय संभागीय पिछड़ा वर्ग महाविद्यालयीन कन्या छात्रावास शारदा विहार का औचक निरीक्षण किया। छात्रावास में अध्ययनरत छात्र-छात्राओं से विस्तार से चर्चा भी की। उन्होंने विभागीय अधिकारियों को निर्देशित किया है कि छात्रावास में छात्रों को बेहतर सुविधायें मिलें, इसके साथ ही छात्रावास में साफ-सफाई और रंगाई-पुताई का कार्य भी तत्परता से कराया जाए, इससे छात्रों को अध्ययन के लिये बेहतर माहौल मिल सके।

पिछडा वर्ग कल्याण मंत्री श्रीमती कृष्णा गौर ने छात्र-छात्राओं से चर्चा करते हुए कहा कि प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की भी मंशा है कि छात्रों को बेहतर सुविधायें उपलब्ध हों। उन्होंने बताया कि शासन ने निर्णय लिया है कि पिछड़ा वर्ग के सभी छात्रावासों में छात्र-छात्राओं के लिये कैन्टीन (भोजन कक्ष), ई-लाइब्रेरी, जिम, छात्रावास की छत पर सोलर पैनल के साथ ही सभी छात्रावासों में वाई-फाई की सुविधा भी उपलब्ध कराई जावेगी।

पिछड़ा वर्ग कल्याण मंत्री श्रीमती कृष्णा गौर ने कहा कि हमारे छात्रावासों में आने वाली पीढ़ी तैयार हो रही है। छात्रावासों के छात्र-छात्राओं को अच्छी सविधा उपलब्ध होंगीं तो वे मन लगाकर पढ़ेंगे और प्रदेश एवं देश का नाम रोशन करेंगे। निरीक्षण के दौरान बताया गया कि शारदा विहार स्थित कन्या छात्रावास में 41 छात्राएँ निवास कर रही हैं। इसी प्रकार बालक छात्रावास में लगभग 100 बालक निवास कर रहे हैं।

सरकारी स्कूलों में गणवेश प्रदाय करने के संबंध में निर्देश

राज्य शिक्षा केन्द्र ने जिला कलेक्टर्स को लिखा पत्र

भोपाल

प्रदेश के सरकारी स्कूलों में विद्यार्थियों को गणवेश उपलब्ध कराने के संबंध में राज्य शिक्षा केन्द्र ने जिला कलेक्टर्स को पत्र लिखा है। प्रदेश के 22 जिलों में गणवेश वितरण की कार्यवाही राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन द्वारा की जा रही है। स्व-सहायता समूहों को 15 मार्च, 2024 तक नि:शुल्क गणवेश उपलब्ध कराये जाने के निर्देश राज्य शिक्षा केन्द्र द्वारा दिये गये है।

प्रदेश के 30 जिलों में कक्षा 1 से 8 तक के शासकीय स्कूलों में अध्ययनरत विद्यार्थियों को गणवेश की राशि विद्यार्थियों के खातों में जमा कराई जायेगी। प्रदेश के सीएम राईज स्कूलों में पढ़ने वाले कक्षा 1 से 8 तक के विद्यार्थियों को गणवेश विद्यालय द्वारा प्रदाय किये जायेंगे। इन जिलों में विद्यार्थियों के बैंक खाते में गणवेश की राशि 600 रूपये प्रतिदर से प्रदाय की जायेगी।

शिक्षा पोर्टल में मॉड्यूल तैयार

सरकारी स्कूलों में गणवेश का वितरण सुव्यवस्थित तरीके से हो सके, इसके लिये "शिक्षा पोर्टल में गणवेश वितरण प्रबंधन मॉड्यूल" तैयार किया गया है। शासकीय शालावार छात्रों की सत्यापित सूची विकासखंड स्तर पर उपलब्ध कराये जाने के निर्देश जारी किये गये हैं।

नि:शुल्क प्रवेश ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया

प्रदेश में शिक्षा का अधिकार अधिनियम में कमजोर वर्ग एवं वंचित समूह के मान्यता प्राप्त अशासकीय स्कूलों में सत्र 2024-25 में नि:शुल्क प्रवेश ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया प्रारंभ हो चुकी है। आवेदन के बाद आवेदन की पावती और मूल दस्तावेज लेकर चयनित जनशिक्षा केन्द्र पर 5 मार्च, 2024 तक सत्यापन कराने के लिये कहा गया है। नियत तारीख के बाद सत्यापन न होने की दशा में आवेदन स्वत: ही निरस्त हो जायेगा।