December 1, 2025

चाणक्य नीति के अनुसार खराब पतियों की 5 पहचान, जो रिश्तों पर डालती हैं नकारात्मक असर

व्यक्ति के जीवन में सुख-दुख मौसम की तरह आते-जाते रहते हैं। जिनसे निपटने के लिए कई बार जीवनशैली तो कभी व्यक्ति के स्वभाव में बदलाव जरूरी हो जाता है। जीवन से जुड़े ऐसे ही कई बदलाव और व्यक्ति के स्वभाव के बारे में चाणक्य नीति में कई बातें कही गईं हैं। जीवन पर आधारित चाणक्य के सूत्र आज भी उतने ही कारगर हैं जितने तब हुआ करते थे। खास बात यह है कि चाणक्य के ये सूत्र चाणक्य नीति के तौर पर हमारे पास मौजूद हैं। चाणक्य नीति में बहुत सी ऐसी बातें दर्ज हैं जिन्हें अपने जीवन में उतारकर व्यक्ति खुशहाल और सफल जीवन जी सकता है। आचार्य चाणक्य ने अपने प्रसिद्ध ग्रंथ 'चाणक्य नीति' में ऐसे पुरुषों के बारे में भी बताया है, जो विवाह के बाद अपनी पत्नी का जीवन खराब कर देते हैं। ऐसे खराब पतियों को पहचानने के लिए 'चाणक्य नीति' में 5 निशानियां बताई गईं हैं।

आलसी पुरुष

चाणक्य नीति के अनुसार शादी से पहले मर्दों के कंधों पर घर की कोई खास जिम्मेदारी नही होती है। लेकिन शादी के बाद उन्हें परिवार के साथ पत्नी और बच्चों के खर्च भी उठाने पड़ते हैं। लेकिन जो मर्द आलसी होता है और अपनी जिम्मेदारियों को ईमानदारी से नहीं उठाता है, शादी के बाद परिवार पर बोझ बन जाता है। ऐसे पुरुष काम करने से या तो हमेशा बचते रहते हैं या फिर उसे कल पर टालते रहते हैं। ऐसे मर्द शादी के बाद घर की जिम्मेदारियां नहीं निभाने की वजह से अपनी पत्नी के लिए मानसिक और आर्थिक परेशानी का कारण बनते हैं।

कमजोर आर्थिक स्थिति

आचार्य चाणक्य का कहना था कि जो पुरुष घर की आर्थिक स्थिति को सुधारने के लिए कोशिश नहीं करते, वो शादी के बाद हमेशा अपने खर्च और घर की जरूरतों के लिए पत्नी पर ही निर्भर रहते हैं। जिसकी वजह से धीरे-धीरे उनके रिश्तों में तनाव और खटास पैदा होने लगती है। जो शादीशुदा जीवन की डोर को कमजोर बनाती है।

नशे के आदी पुरुष

चाणक्य नीति के अनुसार नशे की लत में डूबे पुरुष ना सिर्फ अपनी सेहत बल्कि परिवार की शांति, रिश्तों में बचे प्यार और परिवार की इज्जत, हर चीज को नुकसान पहुंचाते हैं। ऐसे पुरुषों की यह आदत शादी के बाद पत्नी के लिए बोझ औ दुख का कारण बन जाती हैं।

गुस्सैल स्वभाव वाले पुरुष

आचार्य चाणक्य के अनुसार अत्यधिक गुस्सा करने वाले पुरुष अपने स्वभाव की वजह से पत्नी के साथ अपने रिश्ते को कमजोर बना देते हैं। ऐसे पुरुष पत्नी को असुरक्षित महसूस करवाकर पूरे परिवार के लिए तनाव और डर का कारण बन जाते हैं।

जिम्मेदारी से भागने वाले पुरुष

शादी के बाद जो मर्द अपने परिवार की जिम्मेदारियों को निभाने से पीछे भागते हैं, पत्नी के लिए तनाव और चिंता का कारण बनने लगते हैं।