मुख्य समारोह में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ रहेंगे मौजूद, राज्य के सभी जिलों में होंगे समानांतर आयोजन

गोरखपुर

 शिक्षामित्रों के मानदेय में 80 प्रतिशत वृद्धि का उपहार देकर मान बढ़ाने के बाद मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ बेसिक शिक्षा की सुदृढ़ता में उनके योगदान के लिए सम्मान भी देने जा रहे हैं। शिक्षामित्रों को सम्मानित करने के लिए प्रदेशस्तरीय भव्य आयोजन मंगलवार को गोरखपुर के योगिराज बाबा गंभीरनाथ प्रेक्षागृह में होगा। इस अवसर पर सीएम योगी शिक्षामित्रों को वृद्धि के बाद नियत मानदेय का प्रतीकात्मक चेक भी शिक्षामित्रों को सौंपेंगे। 

उल्लेखनीय है कि प्रदेश में बेसिक शिक्षा परिषद के स्कूलों में तैनात 1.43 लाख शिक्षामित्रों को प्रतिमाह 10 हजार रुपये मानदेय मिलता था। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शिक्षामित्रों की शैक्षिक सेवा को सराहते हुए इसे बढ़ाकर 18 हजार रुपये प्रतिमाह कर दिया है। नया मानदेय अप्रैल माह से लागू हो गया है। मानदेय वृद्धि को सम्मान के साथ वितरित करने का शुभारंभ मंगलवार को समारोहपूर्वक गोरखपुर में सीएम योगी के सानिध्य में होगा।

पहले मानदेय वृद्धि और अब सेवा के सम्मान की योगी सरकार की पहल से शिक्षामित्रों में उत्साह का जबरदस्त संचार देखा जा रहा है। शिक्षमित्रों के सम्मान समारोह को भव्य बनाने को लेकर बेसिक शिक्षा विभाग ने जोरदार तैयारी की है। मंगलवार को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की उपस्थिति में योगिराज बाबा गंभीरनाथ प्रेक्षागृह में पूर्वाह्न 11 बजे से होने वाले समारोह में बेसिक शिक्षा मंत्री संदीप सिंह भी मौजूद रहेंगे। इस अवसर पर मुख्यमंत्री, 10 शिक्षामित्रों को नए मानदेय (18 हजार रुपये) की धनराशि का प्रतीकात्मक चेक वितरित करेंगे। 

‘अरुणोदय’ कैलेंडर का सीएम करेंगे विमोचन  

कार्यक्रम में मुख्यमंत्री शिक्षा विभाग के उपलब्धिपरक स्टालों का अवलोकन करने के साथ ही विद्यार्थी नेतृत्व आधारित प्रार्थना सभा की गतिविधियों पर आधारित ‘अरुणोदय’ कैलेंडर का विमोचन भी करेंगे। मुख्यमंत्री की सहभागिता वाले भव्य समारोह के समानांतर राज्य के सभी जिलों में भी आयोजन किए जाएंगे।

कार्यक्रम को लेकर शिक्षामित्रों में भारी उत्साह 

गोरखपुर के बेसिक शिक्षा अधिकारी धीरेंद्र त्रिपाठी का कहना है कि सम्मान समारोह में मुख्यमंत्री का संबोधन सुनने के लिए शिक्षामित्रों में खासा उत्साह का माहौल है। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में शिक्षामित्रों की सहभागिता रहेगी। उन्होंने कहा कि मानदेय वृद्धि के जरिये मुख्यमंत्री ने शिक्षामित्रों की शैक्षिक सेवा का मान बढ़ाया है। उनकी पहचान और प्रतिष्ठित हुई है और वे अब आर्थिक रूप से मजबूत भी होंगे। सरकार की तरफ से पहले मानदेय वृद्धि और अब सम्मान की पहल से शिक्षामित्रों का मनोबल बढ़ेगा और इससे शिक्षा की गुणवत्ता को भी नई ऊंचाई मिलेगी।

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