बिहार में विकास योजनाओं की मॉनिटरिंग होगी और सख्त
पटना
बिहार सरकार के नए योजना एवं विकास मंत्री भगवान सिंह कुशवाहा ने सोमवार को पटना के घंटाघर स्थित कार्यालय में विभाग का कार्यभार संभाल लिया। पदभार ग्रहण के दौरान विभाग की अपर मुख्य सचिव डॉ. एन. विजयलक्ष्मी समेत कई वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।
कार्यभार संभालने के बाद मंत्री को विभाग की योजनाओं, सांख्यिकी गतिविधियों और विकास कार्यक्रमों की विस्तृत जानकारी दी गई।
इसके साथ ही विभाग की मौजूदा स्थिति और आगामी कार्ययोजना पर भी प्रस्तुतीकरण किया गया।
नौकरी और बहाली को बताया सबसे बड़ी प्राथमिकता
कार्यभार संभालते ही मंत्री भगवान सिंह कुशवाहा एक्शन मोड में नजर आए। उन्होंने साफ कहा कि विभाग में लंबित बहालियों को पूरा करना उनकी पहली प्राथमिकता होगी।
मंत्री ने कहा कि बेरोजगार युवाओं को रोजगार देना सरकार की प्राथमिक जिम्मेदारी है। उन्होंने संकेत दिया कि लंबे समय से अटकी नियुक्तियों पर जल्द फैसला लिया जाएगा।
5000 से ज्यादा पदों की बहाली पर फोकस
मंत्री कुशवाहा ने विभाग में लंबित करीब पांच हजार से अधिक पदों का मुद्दा प्रमुखता से उठाया। उन्होंने कहा कि चयन प्रक्रिया पूरी होने और कोर्ट के आदेश आने के बावजूद अब तक नियुक्तियां नहीं हो सकी हैं।
मंत्री ने बताया कि इस मुद्दे को वे पहले बिहार विधानसभा और विधान परिषद में भी उठा चुके हैं। अब विभाग की जिम्मेदारी मिलने के बाद वे इस मामले को प्राथमिकता के आधार पर आगे बढ़ाएंगे।
LAEO और जिला योजना पदाधिकारियों पर नजर
मंत्री ने कहा कि योजना एवं विकास विभाग बिहार के विकास कार्यों में बेहद अहम भूमिका निभाता है।
उन्होंने बताया कि जिले स्तर पर LAEO-1, LAEO-2 और जिला योजना पदाधिकारी योजनाओं को लागू करते हैं।
विभाग की कार्यप्रणाली और जमीनी स्तर की स्थिति की समीक्षा कर आगे की रणनीति तय की जाएगी। उन्होंने कहा कि विकास योजनाओं की मॉनिटरिंग को और मजबूत बनाया जाएगा।
अधिकारियों को भी दिखाई सख्ती
भगवान सिंह कुशवाहा ने साफ कहा कि सिर्फ सरकार की इच्छा से काम नहीं चलेगा, अधिकारियों को भी गंभीरता दिखानी होगी।
उन्होंने पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार का जिक्र करते हुए कहा कि सरकार हमेशा रोजगार देने के पक्ष में रही है। लेकिन विभागीय स्तर पर तेजी और जवाबदेही जरूरी है, तभी नियुक्ति प्रक्रिया समय पर पूरी होगी।
मंत्री ने कहा कि खाली पदों का आकलन कर जल्द बहाली प्रक्रिया शुरू की जानी चाहिए।
तकनीक आधारित मॉनिटरिंग पर जोर
अपर मुख्य सचिव डॉ. एन. विजयलक्ष्मी ने कहा कि विभाग विकास योजनाओं की निगरानी और मूल्यांकन को लगातार मजबूत कर रहा है।
उन्होंने बताया कि तकनीक आधारित कार्यप्रणाली को बढ़ावा दिया जा रहा है ताकि योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुंचे।
मंत्री ने भी भरोसा दिलाया कि जो काम अब तक अधूरे रह गए हैं, उन्हें प्राथमिकता के आधार पर पूरा किया जाएगा।
उन्होंने कहा कि विधायिका और कार्यपालिका के बेहतर समन्वय से ही बिहार के विकास को नई गति मिलेगी।
